रायपुर। विद्यार्थियों को पुस्तकीय ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक अनुभव प्रदान करने की दिशा में प्रणवानंदा अकादमी द्वारा कक्षा VI से IX तक के विद्यार्थियों के लिए इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय (कृषि महाविद्यालय), रायपुर का शैक्षणिक भ्रमण आयोजित किया गया। इस भ्रमण का उद्देश्य विद्यार्थियों को आधुनिक कृषि तकनीकों, पर्यावरण संरक्षण, वैज्ञानिक खेती और प्राकृतिक संसाधनों के महत्व से परिचित कराना था।

प्रणवानंदा अकादमी के विद्यार्थी इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर में शैक्षणिक भ्रमण के दौरान आधुनिक खेती और जैविक कृषि की जानकारी लेते हुए।
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने कृषि महाविद्यालय के विभिन्न विभागों का अवलोकन किया और कृषि वैज्ञानिकों एवं विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में आधुनिक खेती की कई महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं। विद्यार्थियों ने विभिन्न प्रकार के फलदार, सब्जियों, औषधीय एवं सजावटी पौधों का अध्ययन किया तथा उनके वानस्पतिक (Botanical) नाम, विशेषताओं और उपयोगिता के बारे में विस्तार से जानकारी हासिल की।
कृषि विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को जैविक (ऑर्गेनिक) खेती की अवधारणा समझाते हुए बताया कि बिना हानिकारक रासायनिक उर्वरकों और कीटनाशकों के भी गुणवत्तापूर्ण फसल उत्पादन संभव है। उन्होंने जैविक खेती के माध्यम से मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने, पर्यावरण संरक्षण तथा मानव स्वास्थ्य पर पड़ने वाले सकारात्मक प्रभावों की जानकारी दी।
इस दौरान विद्यार्थियों ने उन्नत बीजों का चयन, मृदा परीक्षण एवं प्रबंधन, सिंचाई तकनीक, फसल संरक्षण, पौधों की देखभाल तथा खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने में कृषि विज्ञान की भूमिका को भी करीब से समझा। विशेषज्ञों ने बताया कि बदलते समय में आधुनिक तकनीकों के उपयोग से कृषि उत्पादन को बढ़ाया जा सकता है और प्राकृतिक संसाधनों का संतुलित उपयोग सुनिश्चित किया जा सकता है।
शैक्षणिक भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने कृषि अनुसंधान, वैज्ञानिक नवाचार और सतत (Sustainable) कृषि पद्धतियों के महत्व को भी जाना। उन्होंने कृषि प्रयोगशालाओं एवं अनुसंधान इकाइयों का अवलोकन कर यह समझा कि वैज्ञानिक शोध किसानों की आय बढ़ाने और खाद्य उत्पादन को सुरक्षित बनाने में किस प्रकार सहायक है।
विद्यालय प्रबंधन ने बताया कि इस प्रकार के शैक्षणिक भ्रमण विद्यार्थियों को कक्षा में पढ़ाए जाने वाले विषयों को वास्तविक जीवन से जोड़ने का अवसर प्रदान करते हैं। इससे उनमें वैज्ञानिक सोच, पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी, प्रकृति संरक्षण की भावना और नवाचार के प्रति रुचि विकसित होती है।
भ्रमण के अंत में विद्यार्थियों ने कृषि वैज्ञानिकों से संवाद कर अपने प्रश्नों के उत्तर प्राप्त किए और आधुनिक कृषि तकनीकों के संबंध में अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया। सभी विद्यार्थियों ने इस भ्रमण को ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायक और भविष्य के लिए उपयोगी अनुभव बताया।
विद्यालय प्रबंधन ने इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय (कृषि महाविद्यालय) के प्राध्यापकों, कृषि वैज्ञानिकों एवं समस्त स्टाफ का विद्यार्थियों को व्यावहारिक ज्ञान उपलब्ध कराने, मार्गदर्शन देने तथा आत्मीय सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया।
प्रणवानंदा अकादमी का यह शैक्षणिक भ्रमण विद्यार्थियों के लिए केवल एक अध्ययन यात्रा नहीं रहा, बल्कि कृषि, पर्यावरण संरक्षण, वैज्ञानिक अनुसंधान और सतत विकास की दिशा में नई सोच विकसित करने वाला प्रेरणादायक अनुभव साबित हुआ। विद्यालय भविष्य में भी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए ऐसे शैक्षणिक एवं ज्ञानवर्धक कार्यक्रम आयोजित करता रहेगा।
