छत्तीसगढ़ की विश्वविख्यात पंडवानी परंपरा के संरक्षण, संवर्धन और इस लोककला से जुड़े कलाकारों को सम्मानित करने के उद्देश्य से 7 अगस्त को शहीद स्मारक ऑडिटोरियम, रायपुर में डॉ. तीजन बाई रत्न सम्मान, भुईया सम्मान एवं आरुग सम्मान समारोह का भव्य आयोजन किया जाएगा। इस आयोजन में प्रदेशभर के पंडवानी कलाकार, लोककला साधक, संस्कृति प्रेमी और गणमान्य नागरिक शामिल होंगे।
इस सम्मान समारोह के आयोजक अलीम बंसी ने बताया कि वे पद्म विभूषण डॉ. तीजन बाई को अपनी मातृतुल्य गुरु मानते हैं। उनके अनुसार लगभग तीन वर्ष पूर्व गुरु माता डॉ. तीजन बाई के मार्गदर्शन और आशीर्वाद से इस सम्मान की शुरुआत की गई थी। इस सम्मान का उद्देश्य पंडवानी कला से जुड़े कलाकारों, गुरुओं और साधकों के योगदान को सम्मानित करना तथा गुरु माता की प्रेरणा और स्मृतियों को सदैव जीवंत बनाए रखना है।
तीन श्रेणियों में दिए जाएंगे सम्मान
सम्मान समारोह के अंतर्गत कलाकारों को तीन अलग-अलग श्रेणियों में सम्मानित किया जाता है—
- डॉ. तीजन बाई रत्न सम्मान
- डॉ. तीजन बाई भुईया सम्मान
- डॉ. तीजन बाई आरुग सम्मान
आयोजकों के अनुसार वर्ष 2025 में भुईया सम्मान प्रदान किया गया था, जबकि वर्ष 2026 में रत्न सम्मान एवं आरुग सम्मान से चयनित कलाकारों को सम्मानित किया जाएगा।
संयुक्त तत्वावधान में होगा आयोजन
यह कार्यक्रम अलीम बंसी एवं डॉ. तीजन बाई परिवार के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है। समारोह में छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोककला परंपरा से जुड़े कलाकारों का सम्मान किया जाएगा और पंडवानी कला के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए विशेष संदेश भी दिया जाएगा।
विशिष्ट अतिथियों के शामिल होने की संभावना
आयोजकों के अनुसार समारोह में महामहिम राज्यपाल श्री रमन डेका तथा छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह के शामिल होने की संभावना है। उनके करकमलों से सम्मानित कलाकारों को सम्मान प्रदान किया जाएगा, जिससे कार्यक्रम की गरिमा और बढ़ेगी।
संस्कृति प्रेमियों से सहभागिता की अपील
आयोजन समिति ने प्रदेश के सभी लोककला प्रेमियों, कलाकारों और नागरिकों से इस ऐतिहासिक सांस्कृतिक आयोजन में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर पंडवानी परंपरा और लोक संस्कृति को सम्मान देने की अपील की है।
📌 कार्यक्रम एक नजर में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| कार्यक्रम | डॉ. तीजन बाई रत्न, भुईया एवं आरुग सम्मान समारोह |
| तिथि | 7 अगस्त 2026 |
| समय | (आयोजकों द्वारा निर्धारित) |
| स्थान | शहीद स्मारक ऑडिटोरियम, रायपुर |
| आयोजक | अलीम बंसी एवं डॉ. तीजन बाई परिवार |
