रायपुर। विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान के साथ व्यावहारिक अनुभव प्रदान करना उनके सर्वांगीण विकास और बेहतर करियर चयन के लिए महत्वपूर्ण होता है। इसी उद्देश्य से दानी गर्ल्स स्कूल की 200 छात्राओं ने उर्मिला मेमोरियल हॉस्पिटल का शैक्षणिक भ्रमण किया। इस दौरान छात्राओं ने अस्पताल की विभिन्न स्वास्थ्य सुविधाओं, चिकित्सा सेवाओं और मरीजों को उपलब्ध कराई जाने वाली सुविधाओं की कार्यप्रणाली को करीब से जाना। भ्रमण के दौरान उन्हें चिकित्सा क्षेत्र में करियर बनाने की संभावनाओं और डॉक्टर बनने के लिए आवश्यक तैयारियों की जानकारी भी दी गई।
इस शैक्षणिक भ्रमण का मुख्य उद्देश्य छात्राओं को स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक कार्यप्रणाली से परिचित कराना, स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना और चिकित्सा क्षेत्र में भविष्य बनाने के लिए प्रेरित करना था। अस्पताल पहुंचने पर छात्राओं को वहां की व्यवस्थाओं और चिकित्सा सेवाओं के बारे में जानकारी दी गई।
अस्पताल की कार्यप्रणाली से रूबरू हुईं छात्राएं
शैक्षणिक भ्रमण के दौरान छात्राओं ने अस्पताल में मरीजों को दी जाने वाली सुविधाओं और स्वास्थ्य सेवाओं की व्यवस्था को समझा। उन्हें बताया गया कि अस्पताल में चिकित्सा सेवाओं के संचालन, मरीजों की देखभाल और स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए विभिन्न स्तरों पर कार्य किया जाता है।
इस अनुभव से छात्राओं को कक्षा में प्राप्त सैद्धांतिक ज्ञान को वास्तविक जीवन से जोड़ने का अवसर मिला। साथ ही, उन्हें यह समझने में मदद मिली कि स्वास्थ्य सेवा का क्षेत्र केवल चिकित्सा ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें जिम्मेदारी, अनुशासन, सेवाभाव और संवेदनशीलता की भी महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
डॉ. विनोद सिंह ने बताए डॉक्टर बनने के टिप्स
उर्मिला मेमोरियल हॉस्पिटल के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. विनोद सिंह ने छात्राओं से संवाद किया। उन्होंने उनके सवालों के जवाब देते हुए डॉक्टर बनने के लिए जरूरी तैयारी और चिकित्सा क्षेत्र में सफलता प्राप्त करने के लिए आवश्यक गुणों के बारे में जानकारी दी।
डॉ. सिंह ने बताया कि चिकित्सा का क्षेत्र केवल एक पेशा नहीं, बल्कि मानव सेवा का महत्वपूर्ण माध्यम है। इस क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए नियमित अध्ययन, अनुशासन, धैर्य, मेहनत और मरीजों के प्रति संवेदनशीलता बेहद जरूरी है। उन्होंने छात्राओं को अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने, पढ़ाई में निरंतरता बनाए रखने और कठिनाइयों के बावजूद प्रयास जारी रखने के लिए प्रेरित किया।
उनके मार्गदर्शन से छात्राओं को चिकित्सा क्षेत्र की जिम्मेदारियों और इस क्षेत्र में करियर बनाने के लिए आवश्यक तैयारी को समझने का अवसर मिला।
प्राचार्य डॉ. हितेश दीवान ने बताया शैक्षणिक भ्रमण का महत्व
दानी गर्ल्स स्कूल के प्राचार्य डॉ. हितेश दीवान ने बताया कि विद्यालय छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के साथ उनके सर्वांगीण विकास और उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए निरंतर प्रयास कर रहा है। इस तरह के शैक्षणिक भ्रमण विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान से आगे बढ़कर विभिन्न व्यवसायों और कार्यक्षेत्रों की वास्तविक जानकारी प्रदान करते हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसे अनुभवों से छात्राएं अपनी रुचि, क्षमता और लक्ष्य को बेहतर तरीके से समझ सकती हैं। इससे उन्हें भविष्य में करियर का चयन करने और अपने सपनों को साकार करने की दिशा तय करने में मदद मिलती है।
एचआर दीपजय ने कराया अस्पताल का भ्रमण
कार्यक्रम के दौरान उर्मिला मेमोरियल हॉस्पिटल के एचआर दीपजय ने छात्राओं को अस्पताल का भ्रमण कराया। उन्होंने छात्राओं को अस्पताल की व्यवस्थाओं और विभिन्न सेवाओं से परिचित कराया, जिससे उन्हें स्वास्थ्य संस्थान की कार्यप्रणाली को करीब से देखने और समझने का अवसर मिला।
छात्राओं को मिला करियर के प्रति नई दिशा का अवसर
दानी गर्ल्स स्कूल की 200 छात्राओं के लिए यह शैक्षणिक भ्रमण सीखने और नए अनुभव प्राप्त करने का अवसर रहा। अस्पताल की कार्यप्रणाली को समझने, मेडिकल डायरेक्टर से मार्गदर्शन प्राप्त करने और स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र की जानकारी हासिल करने से छात्राओं को अपने भविष्य के विकल्पों पर विचार करने में मदद मिली।
इस तरह के शैक्षणिक आयोजन शिक्षा को व्यावहारिक अनुभवों से जोड़ने के साथ विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, जागरूकता और लक्ष्य के प्रति गंभीरता विकसित करने में सहायक होते हैं। उर्मिला मेमोरियल हॉस्पिटल का यह भ्रमण छात्राओं को चिकित्सा और स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र को करीब से समझने का अवसर प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल रहा।
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