Home Featureजांजगीर-चांपा में इस सत्र से शुरू होगी MBBS की पढ़ाई
जांजगीर-चांपा में 50 MBBS सीटों वाले नए शासकीय मेडिकल कॉलेज को मिली मंजूरी।

जांजगीर-चांपा में इस सत्र से शुरू होगी MBBS की पढ़ाई

शासकीय मेडिकल कॉलेज को मिली मंजूरी, जांजगीर-चांपा में इस सत्र से शुरू होगी MBBS की पढ़ाई, 50 सीटों वाले

by bholuchand news

रायपुर, 14 जुलाई 2026।
छत्तीसगढ़ के युवाओं के लिए चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में एक और बड़ी खुशखबरी सामने आई है। राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (National Medical Commission-NMC) ने जांजगीर-चांपा जिले में 50 एमबीबीएस सीटों वाले नए शासकीय मेडिकल कॉलेज के संचालन को शैक्षणिक सत्र 2026-27 से मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही प्रदेश के गीदम (दंतेवाड़ा), कुनकुरी (जशपुर), मनेन्द्रगढ़ और कबीरधाम में भी नए शासकीय मेडिकल कॉलेजों को स्वीकृति मिल गई है। इन पांचों संस्थानों में कुल 250 नई MBBS सीटें उपलब्ध होंगी।

राज्य सरकार का मानना है कि यह निर्णय चिकित्सा शिक्षा के विस्तार के साथ-साथ प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को भी नई मजबूती प्रदान करेगा।


जांजगीर-चांपा में 50 MBBS सीटों वाले नए शासकीय मेडिकल कॉलेज को मिली मंजूरी।

जांजगीर-चांपा में 50 MBBS सीटों वाले नए शासकीय मेडिकल कॉलेज को मिली मंजूरी। (AI Generated)

प्रदेश में चिकित्सा शिक्षा का नया अध्याय

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने इसे छत्तीसगढ़ के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए कहा कि गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं और चिकित्सा शिक्षा का विस्तार विकसित छत्तीसगढ़ की आधारशिला है। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य प्रदेश के हर प्रतिभाशाली युवा को अपने ही राज्य में डॉक्टर बनने का अवसर उपलब्ध कराना है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अब विद्यार्थियों को MBBS की पढ़ाई के लिए दूसरे राज्यों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा और चिकित्सा शिक्षा के नए अवसर राज्य के भीतर ही उपलब्ध होंगे।

जांजगीर-चांपा को मिलेगा बड़ा लाभ

जांजगीर-चांपा में मेडिकल कॉलेज शुरू होने से न केवल जिले बल्कि आसपास के जिलों के विद्यार्थियों को भी सीधा लाभ मिलेगा।

मेडिकल कॉलेज के संचालन से—

  • स्थानीय विद्यार्थियों को MBBS की पढ़ाई का अवसर मिलेगा।
  • जिला अस्पताल की स्वास्थ्य सुविधाएं और मजबूत होंगी।
  • विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ेगी।
  • गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए बड़े शहरों पर निर्भरता कम होगी।
  • क्षेत्र में रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।

डबल इंजन सरकार की स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ी पहल

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र और राज्य सरकार स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में लगातार बड़े निर्णय ले रही है।

उन्होंने कहा कि आदिवासी, ग्रामीण और आकांक्षी क्षेत्रों में मेडिकल कॉलेजों की स्थापना केवल भवन निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह भविष्य के डॉक्टर तैयार करने और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण निवेश है।


प्रधानमंत्री और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री का जताया आभार

मुख्यमंत्री श्री साय ने इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी तथा केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्री जे.पी. नड्डा का आभार व्यक्त किया।

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के सहयोग से छत्तीसगढ़ में चिकित्सा शिक्षा का तेजी से विस्तार हो रहा है और आने वाले वर्षों में प्रदेश स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेगा।


समयबद्ध तैयारियों के निर्देश

जांजगीर-चांपा के कलेक्टर श्री जन्मेजय महोबे ने मेडिकल कॉलेज के संचालन को लेकर संबंधित विभागों की बैठक लेकर आवश्यक तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश दिए हैं।

उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें ताकि शैक्षणिक सत्र 2026-27 से मेडिकल कॉलेज का संचालन बिना किसी बाधा के शुरू किया जा सके।


स्थानीय स्वास्थ्य व्यवस्था को मिलेगी मजबूती

विशेषज्ञों का मानना है कि मेडिकल कॉलेज की स्थापना से जिले में विशेषज्ञ चिकित्सकों की संख्या बढ़ेगी। इसके साथ ही मेडिकल छात्रों की उपस्थिति से आधुनिक चिकित्सा सेवाओं, शोध कार्यों और स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रमों को भी बढ़ावा मिलेगा।


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