Home » मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना : 6,412 जोड़े बंधे परिणय सूत्र में, बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड
मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना

मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना : 6,412 जोड़े बंधे परिणय सूत्र में, बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड

by Desk 1

रायपुर: मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत आयोजित सामूहिक विवाह समारोह ने नया इतिहास रच दिया। प्रदेश के विभिन्न जिलों में एक ही दिन में 6,412 जोड़ों का विवाह संपन्न हुआ, जिससे यह आयोजन गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किया गया। राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में हुए मुख्य समारोह में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की उपस्थिति में 1,316 जोड़ों ने वैवाहिक जीवन की शुरुआत की।

पारंपरिक माहौल में हुआ भव्य आयोजन

सामूहिक विवाह कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े, मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, विधायक और निगम-मंडल अध्यक्ष मौजूद रहे। सभी जनप्रतिनिधि पारंपरिक साफा और वेशभूषा में बारातियों के रूप में नजर आए। मुख्यमंत्री ने नवदंपतियों को आशीर्वाद देते हुए उनके सुखद दांपत्य जीवन की कामना की।

आर्थिक सहयोग से मिला परिवारों को सहारा

योजना के अंतर्गत प्रत्येक विवाहित जोड़े को 35 हजार रुपये की सहायता राशि सीधे बैंक खाते में दी जा रही है, जबकि 15 हजार रुपये विवाह आयोजन और आवश्यक सामग्री पर खर्च किए गए। बलौदाबाजार, धमतरी, दुर्ग, महासमुंद और राजनांदगांव जिलों के जोड़े ऑनलाइन माध्यम से इस समारोह से जुड़े।

सभी समाजों की सहभागिता, आत्मसमर्पित नक्सली भी शामिल

इस सामूहिक विवाह में सामाजिक समरसता की झलक देखने को मिली। कार्यक्रम में हिंदू, मुस्लिम, ईसाई, बौद्ध और बैगा जनजाति के जोड़ों के साथ-साथ 6 आत्मसमर्पित पूर्व नक्सलियों का विवाह भी कराया गया। गरियाबंद जिले में चार, जबकि सुकमा और दंतेवाड़ा में एक-एक जोड़े ने विवाह किया। मुख्यमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आत्मसमर्पित नक्सली दंपतियों से संवाद कर उन्हें शुभकामनाएं दीं।

कुपोषण मुक्त अभियान का शुभारंभ

समारोह के दौरान मुख्यमंत्री साय ने कुपोषण मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान की शुरुआत की। पहले चरण में 6 माह से 52 माह तक के 40 हजार कुपोषित बच्चों को इस अभियान में शामिल किया जाएगा। इसकी शुरुआत बस्तर संभाग के बीजापुर, दंतेवाड़ा, नारायणपुर और सुकमा जिलों से की जाएगी। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कन्या विवाह योजना की शुरुआत वर्ष 2005 में पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के कार्यकाल में हुई थी। इस योजना ने बेटियों की शादी को लेकर परिवारों पर पड़ने वाले आर्थिक बोझ को काफी हद तक कम किया है।

मंच पर दिखा हल्का-फुल्का माहौल

महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने मंच से मजाकिया लहजे में मंत्री गुरु खुशवंत साहेब को लेकर टिप्पणी की, जिससे समारोह का माहौल हल्का-फुल्का हो गया और उपस्थित लोग हंस पड़े।

You may also like